नगर निगम ने कसा शिकंजा: बकाया टैक्स न देने वालों की संपत्ति सील, करोड़ों की वसूली
बरेली। नगर निगम ने संपत्ति कर बकाया मामलों में अब ढील देने से इनकार कर दिया है। एक लाख से अधिक बकायेदारों को कुर्की नोटिस भेजकर अंतिम चेतावनी दी गई है और कर जमा न करने वालों की भवन और दुकानों की सीलिंग शुरू कर दी गई है। नगर निगम की ओर से बुधवार को समाधान कैम्प अभियान के तहत दो वार्डों में शिविर लगाए गए, जिनमें करदाताओं की शिकायतें सुनकर उनका निस्तारण किया गया। इन शिविरों के दौरान करोड़ों रुपये की वसूली हुई।
जोन-02 के वार्ड-25 प्रयागो इंटर कॉलेज में आयोजित शिविर में 25 करदाताओं की बिल संबंधी गलतियां ठीक की गईं और 17 करदाताओं से कुल 2,99,669 रुपये वसूले गए। वहीं, जोन-03 के वार्ड-10 बड़ी बिहार में आठ करदाताओं की समस्याएं सुलझाई गई और 18 करदाताओं से 2,20,650 रुपये वसूले गए।
सख्त कार्रवाई में जोन-03 के वार्ड-11 कटरा चांद खां में 16.47 लाख रुपये बकाया होने पर अरविंद कुमार की 5 दुकानों को सील किया गया। होटल रॉयल चेयर्स के 5.50 लाख रुपये बकाया होने पर मालिक ने 50 हजार रुपये जमा करवा सील हटवाई।
जोन-02 में जुल्फिकारगंज निवासी सोहित गुप्ता पर 13.60 लाख और आलमगिरिगंज निवासी रामचंद्र पर 3.69 लाख रुपये बकाया होने पर संपत्ति सील की गई। गंगापुर शहदाना में कृपा शंकर की संपत्ति सील होने के बाद उन्होंने 50 हजार रुपये जमा करवा सील हटवाई। जोन-04 शहदाना कॉलोनी में राजेंद्र प्रसाद महेश्वरी पर 60.36 लाख रुपये बकाया होने पर भव्य सीलिंग की गई।
मुख्य कर निर्धारण अधिकारी पीके द्विवेदी ने करदाताओं से अपील की है कि वे समाधान शिविरों का लाभ उठाएं और समय पर कर जमा करें। इससे ब्याज और दंड से बचा जा सकेगा और नगर विकास कार्यों में तेजी आएगी। नगर निगम की यह कार्रवाई स्पष्ट संदेश देती है कि अब बकायेदारों के लिए कोई जगह नहीं है।

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